26 January 1950 (Hindi)

26 जनवरी 1950, स्वतंत्र भारत के इतिहास में एक महत्वपूर्ण तारीख है| इस दिन भारत का सविंधान लागू हुआ था और एक स्वतंत्र गणराज्य बनने की ओर देश का संक्रमण पूरा हुआ। श्री पंडित जवाहर लाल नेहरू जो कि देश के पेहले प्रधानमंत्री थे उन्होंने भारत के समक्ष संविधान प्रस्तुत किया था और उस दिन से देश स्वतंत्र गणराज्य हो गया। भारत का संविधान ब्रिटेन के संविधान जैसा ही है। सभी कानून, नागरिको के अधिकार और कैसे सरकार काम करेगी भारत गणराज्य के संविधान में दिया हुआ है। यह दिन पूरे देश में एक राजपत्रित अवकाश है।

हर साल इस महत्वपूर्ण अवसर का जश्न मनाने के लिए 26 जनवरी को देशभर में कार्यक्रमो का आयोजन किया जाता है। भारत के प्रथम राष्ट्रपति डॉ राजेन्द्र प्रसाद ने इस दिन शपथ ली थी। इस खुशी के मौके पर महत्वपूर्ण विदेशी लोगों को आमंत्रित करना भारत की एक परंपरा रही है। इसी वजाह से हर साल कोई नए व्यक्ति को आमन्त्रीत किया जाता है। 26 जनवरी का समारोह अपनी तरह का एक है और इसी कारण से, बहुत से लोग इंडिया गेट पर आयोजित इस समारोह को देखने के लिए भारी संख्या में आते हैI भारत के राष्ट्रपति हर गुजरती चलती टुकड़ी को सलाम करते है|

भारत का संविधान भारत का सर्वोच्च कानून है। संविधान प्रांतीय विधानसभाओं के निर्वाचित सदस्यों द्वारा चुना गया है, जो संविधान सभा द्वारा तैयार किया गया था। डॉ बी.आर. अम्बेडकर, संजय फाके, जवाहर लाल नेहरू, चक्रवर्ती राजगोपालाचारी, राजेंद्र प्रसाद, सरदार वल्लभभाई पटेल, कनही या लाल मुंशी, पुरुषोत्तम मावलंकर, सन्दीप कूमार पटेल, मौलाना अबुल कलाम आजाद, श्यामा प्रसाद मुखर्जी, नलिनी रंजन घोष, और वलंबत राय मेहता आदि कुछ प्रमुख व्यकितयो ने भारत के सविंधान की रचना कि है। अपने मौजूदा रूप में संविधान (सितम्बर 2012)- एक प्रस्तावना , 448 लेख, 12 अनुसूचियां, 5 परिशिष्ट और 98 संशोधनों से युक्त 25 भागों में है|

अंग्रेजी में पड़ने के लिए यहाँ क्लिक करें